महिला सुपरवाइजर व डॉक्टर से तीन लाख से अधिक की ऑनलाइन ठगी

अंबिकापुर. शहर के ऑनलाइन ठगी के दो मामले सामने आए है। अज्ञात शख्स ने महिला बाल विकास विभाग की महिला सुपरवाइजर से क्रेडिट कार्ड का सारा डिटेल पूछकर १ लाख ९५ हजार का ऑनलाइन खरीदारी कर ली। वहीं एक डॉक्टर से १ लाख २० हजार रुपए की ठगी की गई है। महिला सुपरवाइजर व डॉक्टर ने इसकी रिपोर्ट कोतवाली में दर्ज कराई है। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ अपराध दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार बिन्दु सिंह पति राजदेव सिंह महिला बाल विकास विभाग में सुपरवाइजर हंै। उनका बैंक खाता एसबीआई में है। १० अगस्त को उनके मोबाइल पर एक अज्ञात व्यक्ति का फोन आया था। उसने खुद को एसबीआई का अधिकारी बताते हुए महिला से बात की और क्रेडिट कार्ड की सारी जानकारी ले ली। महिला ने झांसे में आकर अपना ओटीपी नंबर भी बता दिया। इसके बाद महिला के खाते से कुल १ लाख ९५ हजार रुपए की ऑनलाइन खरीदी कर ली गई। महिला को इसकी जानकारी नहीं लग पाई। महिला एक-दो दिन पूर्व जब बैंक जाकर रुपए निकालने पहुंचीं तो पता चला कि उनके खाते में रुपए है ही नहीं। महिला सुरपरवाइजर ने इसकी रिपोर्ट कोतवाली में दर्ज कराई है। पुलिस अज्ञात के खिलाफ धारा ४२० व ६६ डी के तहत अपराध दर्ज कर मामले की जांच कर रही है।
ओटीपी नंबर बताते ही रकम गायब
चतुर्भुज नर्मदा शहर के त्रिकोण चौक के निवासी हैं और बतौली के बटईकेला प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में डॉक्टर हैं। उन्होंने कुछ दिन पूर्व ऑनलाइन ऑर्डर कर इयर फोन मंगाया था। जो खराब निकल गया था। डॉक्टर का बेटा इयर फोन को वापस करने के लिए गूगल पर कंपनी का नाम सर्च कर रहा था। इसके बाद उसके मोबाइल पर कंपनी का कस्टमर केयर का कर्मचारी बताकर एक अज्ञात शख्स का फोन आया और उसने एक लिंक भेजा। उस लिंक को अपलोड करने को कहा गया। इस दौरान उसे बताया गया कि आपके खाते से दस रुपए कटेगा जो वापस हो जाएगा। वैसा ही हुआ। इसके झांसे में आकर डॉक्टर के बेटे ने ओटीपी नंबर भी बता दिया और डॉक्टर के खाते से १ लाख २ हजार रुपए आहरित हो गए।