पलामू: मंडल डैम निर्माण के खिलाफ जनजातियों ने घेरा समाहरणालय.पलामू की अन्य खबरें भी।

पलामू: मंडल डैम निर्माण के खिलाफ जनजातियों ने घेरा समाहरणालय 

 समाहरणालय घेरकर प्रदर्शन करते आदिम जनजाति

पलामू 7 जनवरी: 47 वर्ष से अधूरी पड़ी उतरी कोयल परियोजना (मंडल डैम) के निर्माण में अभी बाधाएं पूरी तरह दूर नहीं हो पायी हैं. डूब क्षेत्र में आने वाले गांवों के आदिम जनजातिये इस विस्तारिक परियोजना के खिलाफ दिख रहे हैं. सोमवार की दोपहर उनका आक्रोश सड़कों पर नजर आया. बड़ी संख्या में जनजातियों ने मंडल डैम निर्माण के विरोध में पलामू समाहरणालय का घेराव किया. 

सैकड़ों लोगों ने किया प्रदर्शन 

भारतीय आदिम जनजाति विकास परिषद और भारतीय महादलित विकास परिषद के बैनर तले परिषद के सुप्रीमो उमाशंकर बैगा ब्यास के नेतृत्व में सैकड़ों लोगों ने पलामू के उपायुक्त कार्यालय के समक्ष जोरदार प्रदर्शन किया. मौके पर आदिम जनजातियों ने कहा कि मंडल डैम का दोबारा शिलान्यास किया जाना भाजपा का चुनावी स्टंट है. झूठे वादे और जुमलों के साथ भाजपा चुनाव में जनता के पास आ रही है. मंडल डैम से 30 गांव डूबेंगे. 25 से 30 हजार लोग विस्थापित होंगे. सबसे महत्वपूर्ण बात तो यह है कि शहीद नीलांबर-पीतांबर का गांव भी डूब जाएगा. इसलिये किसी कीमत पर मंडल डैम का निर्माण नहीं होने देंगे. भाजपा की सरकार जबरदस्ती निर्माण कार्य कराना चाहती है जिसे डूब क्षेत्र की जनता नाकाम कर देगी.

कीमत पर नहीं बनने देंगे मंडल डैम: उमाशंकर बैगा 

मौके पर परिषद के अध्यक्ष उमाशंकर बैगा ने कहा कि झारखंड के मुख्यमंत्री जनता को छल रहे हैं. मंडल डैम से पानी झारखंड के किसानों को नहीं, बल्कि बिहार के किसानों को मिलेगा. पलामू, गढ़वा, लातेहार जैसे सूखाग्रस्त क्षेत्र के किसानों के छाती से गुजरकर पानी बिहार के खेतों को हरियाली लाएगा. जमीन झारखंड का जाएगा, गांव झारखंड के उजड़ेंगे और मजा मारेंगे बिहारी. झारखंड के किसान और गरीब अनुसूचित जाति एवं जनजाति के लोग विस्थापित होंगे, लेकिन पानी बिहार को मिलेगा. डैम से पलामू प्रमंडल में खुशहाली नहीं आएगी.

लगे पीएम-सीएम मुर्दाबाद के नारे 

इसके पूर्व जुलुस में शामिल सैकड़ों लोग ‘रघुबर दास हाय-हाय’ और ‘नरेन्द्र मोदी हाय-हाय’ के गगनभेदी नारे लगा रहे थे. 

विदित हो कि दो दिन पूर्व डालटनगंज के चियांकी हवाई अड्डा पर समारोह के दौरान प्रधानमंत्र नरेन्द्र मोदी ने उतरी कोयल परियोजना सहित आधा दर्जन सिंचाई योजनाओं का शिलान्यास किया था

कांग्रेसी नेता अजय के परिजनों को मिलेगी पीडीएस दुकान, सेविका के पद पर भी होगा चयन   

डालटनगंज, 7 जनवरी : अपराधियों की गोली से घायल शहर थाना क्षेत्र के सुदना गांव निवासी कांग्रेस नेता व पूर्व पंचायत समिति सदस्य अजय कुमार दुबे का रविवार की शाम शहर में शव आते ही कांग्रेसी कार्यकर्ताओं सहित स्थानीय लोगों उग्र हो गए। रेड़मा चैक जाम कर जमकर प्रदर्शन किया गया। इस दौरान कई वाहनों को रोक दिया गया और मुआवजे, हत्यारों और आरोपियों को जल्द सजा दिलाने की मांग की गयी। इस दौरान शाम पांच बजे से आठ बजे तक एनएच-39 (पुराना-एनएच-75) पर आवागमन पूरी तरह ठप हो गया है. पांकी रोड, रांची रोड सहित रेड़मा चैक से जुड़े मार्गों पर आवागमन पूरी तरह ठप रहा।

            तीन मांगों पर बनी सहमति

जाम के दौरान सदर एसडीओ नंदकिशोर गुप्ता, डीएसपी प्रेमनाथ, पुलिस निरीक्षक तरूण कुमार और थाना प्रभारी आनन्द कुमा मिश्रा ने मामले में सहमति बनाने की कोशिश की। दो घंटे तक चली बातचीत के दौरान प्रभावित परिवार को जनवितरण प्रणाली की एक दुकान और सेविका के एक पद पर चयन में प्राथमिकता देने का आश्वासन दिया गया। साथ ही अपराधियों को जल्द गिरफ्तार कर लेने और उन्हें स्पीडी ट्रायल चलाकर छह माह में सजा दिलाने का भी पुलिस की ओर से बात कही गयी। इसके बाद जाम हटाया गया।

आन्दोलन का नेतृत्व कांग्रेसी पार्टी की ओर से पूर्व मंत्री के.एन त्रिपाठी, रामाशीष पांडेय, कांग्रेस जिलाध्यक्ष बिट्टू पाठक, युवा कांग्रेस के जिला अध्यक्ष राजेश चैरसिया एवं विनोद तिवारी ने किया। मौके पर भाजपा के प्रदेश मंत्री मनोज सिंह, डा. अमित उपाध्याय और उदय शुक्ला भी मौजूद थे। सभी ने घटना की निंदा की और जल्द आरोपियों को गिरफ्तार कर सजा दिलवाने का आग्रह किया।

27 दिसम्बर को मारी गयी थी गोली 

विदित हो कि गत 27 दिसम्बर की रात अजय दुबे को सुदना स्थित आवास से बाहर बुलाकर गोली मार दी गयी थी। गोली मारने से पहले अपराधियों ने कांग्रेसी नेता का दरवाजा खुलवा कर उनसे बहस किया था। बहस के क्रम में अपराधियों ने अजय दुबे सीने के नीचे गोली मार दी थी। घटना से पूर्व अपराधियों द्वारा कांग्रेसी नेता को पहले दुकान पर ढूंढा था। जब वे दुकान पर नहीं मिले तो उन्हें ढूंढते हुए अपराधी उनके घर तक पहुंच गए थे।

पुलिस के अनुसार पैसे के आपसी लेन देन में अजय दुबे को गोली मारी गई थी। इस मामले में पांच दिन पूर्व एक आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है. अन्य आरोपी प्रवीण सिंह सहित अन्य की गिरफ्तारी के लिए छापामारी तेज की गयी है।

भाकपा ने किया मजदूर संगठनों की हड़ताल का समर्थन

डालटनगंज, 7 जनवरी : देश के सभी मजदूर संगठनों द्वारा 8 एवं 9 जनवरी को देशव्यापी आम हड़ताल का भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की पलामू जिला इकाई पूर्ण समर्थन करती है। भाकपा के जिला सचिव रुचिर तिवारी ने कहा कि लंबे संघर्षो के बाद देश के मजदूरों के द्वारा प्राप्त किए गए अधिकारों के विरुद्ध केंद्र सरकार द्वारा कानून बनाया गया है। मजदूरों का हक मारने, सरकारी क्षेत्रों की कंपनियों को निजीकरण करने, बैंकों का विलय करने आदि मजदूर विरोधी और मजदूरों एवं कर्मचारियों की पुरानी पेंशन योजना पुनः लागू करने को लेकर देशव्यापी हड़ताल में जिला मुख्यालय सहित सभी अंचलों की हड़ताल में पार्टी कार्यकर्ता शामिल होेंगे।

कार्यपालक पदाधिकारी ने दर्ज कराया मामला, रंजीत मिश्रा ने किया पलटवार  

डालटनगंज, 7 जनवरी : नगर निगम के कार्यपालक पदाधिकारी अजय साव द्वारा झारखंड फेडरेशन के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष रंजीत मिश्रा के खिलाफ निजता के उल्लंघन का आरोप लगाकर साइबर थाना में मामला दर्ज कराये जाने पर श्री मिश्रा सहित चेंबर सदस्यों ने आज पलटवार किया है। श्री मिश्रा ने चेंबर सदस्यों के साथ पत्रकारों से बात करते हुए कहा गया कि कार्यपालक के किसी एक्शन से वे डरने वाले नहीं हैं। मामले को नगर विकास मंत्री एवं मुख्यमंत्री तक पहुंचाया जायेगा। साथ की कार्मिक में पत्र लिखा जायेगा। जरूरत पड़ने पर इस मामले को लेकर उच्च न्यायालय में याचिका दायर की जायेगी।

श्री मिश्रा ने कहा कि प्रधानमंत्री के आगमन को लेकर जहां उपायुक्त, पुलिस अधीक्षक से लेकर अन्य अधिकारी तैयारियों में व्यस्त थे, लेकिन निगम के कार्यपालक पदाधिकारी द्वारा शहर के एक होटल में नववर्ष का जश्न और दो दिन पूर्व निगम बोर्ड कार्यालय में जन्मदिन का जश्न मनाया जा रहा था। उन्होंने कहा कि कार्यपालक पदाधिकारी को अगर निजता की इतनी ही चिंता थी तो उन्हें सार्वजनिक स्थल पर जश्न नहीं मनाना चाहिए था। वहां पर कई लोगों ने फोटो ली थी और वीडियो बनाया था। इधर, कार्यपालक पदाधिकारी ने कहा है कि अन्य लोगों के साथ मिलकर एक साजिश के तहत मामले को प्रधानमंत्री के कार्यक्रम से जोड़ा गया और एफबी पर पोस्ट किया गया। इसमें कई लोगों ने प्रतिक्रिया भी व्यक्त की है, जो उनके पारिवारिक, समाजिक जीवन में प्रतिष्ठा पर हानि पहुंचाने वाला है। 

साइबर थाना प्रभारी भिखारी राम ने बताया कि कार्यपालक पदाधिकारी के मामले में दिए गए मोबाइल नंबर का काॅल डिटेल निकाला जा रहा है। मामले में पूरी तरह कंफर्म होने के बाद आगे की कार्रवाई की जायेगी।