-विवि द्वारा गठित कमेटी ने 16 माह में भी नहीं सौंपी रिपोर्ट -सात माह से लंबित है कालेज कर्मियों का मानदेय -आर्थिक संकट से जुझ रहे हैं कर्मी -कालेज कर्मियों का अनिश्चित कालीन धरना जारी



पलामू- जिले के एके सिंह कालेज हुसैनाबाद के कर्मियों को सात माह से मानदेय नहीं मिलने से उनके समक्ष आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया है। मानदेय की मांग को लेकर कर्मियों ने बुधवार से अनिश्चित कालीन धरना कालेज परिसर में शुरु कर दिया है। मालूम हो की कालेज की तदर्थ समिति ने पुराने कर्मियों को मानदेय भुगतान का आदेश कर दिया है। जबकि 2016 में बहाल कर्मियों के मानदेय भुगतान पर तदर्थ समिति का कहना है कि निलांबर पितांबर विष्वविद्यालय द्वारा गठित जांच कमेटी की रिपोर्ट के उपरांत ही कोई निर्णय लिया जा सकता है। विडंबना इस बात की है कि आठ माह पहले गठित कमेटी ने अबतक जांच रिपोर्ट विश्वविद्यालय को नहीं सौंप सकी है। कॉलेज के शिक्षक एवं शिक्षकेत्तर कर्मियो के समक्ष आर्थिक संकट उत्पन्न हो गया है। वह अपना व अपने परिवार का भरण पोषण करने के लिए उधार का सहारा लेकर अबतक चले। अब उन्हें उधार देने वाला भी कोई नहीं है। कर्मियों का कहना है कि अक्टूबर 2017 से अप्रैल 2018 तक का मानधन लम्बित है। बार-बार कालेज के सचिव सह अनुमंडल पदाधिकारी हुसैनाबाद से आग्रह करने के बावजूद भी मानदेय का भुगतान नहीं किया जा रहा है।उन्हें बाध्य हो कर अनिश्चित कालीन धरना पर बैठना पड़ा। कालेज कर्मियों का कहना है कि जब तक लंबित मानधन का भुगतान नही होगा तब तक धरना कार्यक्रम चलता रहेगा। धरना पर बैठने वालों में मुख्य रुप से प्रो विश्वजीत पासवान, सत्येंद्र प्रसाद, उदेश्वर राम, रानी सिंह, उषा देवी, संध्या कश्यप, कुमारी श्वेता, तलत खातून, यशवंत कुमार, सौरभ कुमार सिंह, रविन्द्र कुमार, बब्लु सिंह, प्रणीत प्रणव, अनिमेश अग्रवाल, अंकित कश्यप , श्वेतांत अंबष्ट, रंजना सिंह आदि कालेज कर्मी शामिल हैं।