विभिन्न संस्थाओं की मदद से सुसाना बनी प्रगतिशील महिला

ग़रीबी रेखा से दूर होने के कगार पर एक महिला कृषक

खूँटी :  मुरहू प्रखंड अंतर्गत बिंदा पंचायत के सिंयाकेल गांव की रहने वाली सुसाना कंडीर एक जागरूक एंव प्रगतिशील महिला कृषक के तौर अपनी पहचान बनाई हैं। वह अपने घर में ही मशरूम की खेती कर अपनी आर्थिक स्थिति सुदृढ़ करने की दिशा में उत्तरोत्तर अग्रसर हैं। वे  पंचायत  की पंचायत समिति सदस्य भी हैं। सुसाना कंडीर के अनुसार, प्रारंभ में अन्य किसानों की तरह वह भी में पुरानी विधि द्वारा ही खेती करती थी। कालांतर में वह कृषि विभाग के संपर्क में आईं। कृषि विभाग के सौजन्य से उन्हें कृषि की नई तकनीक की जानकारी प्राप्त हुई। उन्होंने कृषि विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी प्राप्त की। तत्पश्चात् उन्होंने एनएफएसएम योजना अन्तर्गत  2 एकड़ भूमि में उन्नत उरद की खेती नई तकनीक से की। परिणामस्वरूप उन्हें पूर्व की अपेेक्षा करीब 60 प्रतिशत ज्यादा उपज प्राप्त हुआ। बाद में वह अन्य संस्थाओं के सम्पर्क र्मे आईं। सपोर्ट नामक एक स्वयंसेवी संस्था जो कृषि विभाग के पास मिलकर कार्य करती है, द्वारा उन्हें मशरूम की खेती के लिए प्रशिक्षण दिया गया। संस्था द्वारा उन्हे मशरूम की खेती के लिए मीनिकीट प्रदान किया गया। इस कीट की मदद से उन्होंने अपने घर में ही मशरूम की खेती शुरू की। इससे होने वाली उपज को बेचकर उन्होने अपनी आय में वृद्वि की और आज वह एक प्रगतिशील किसान के रूप मे अपनी पहचान बना चुकी है।