कमलेश कुमार सिंह ने भूमि से संबंधित त्रुटियों को दूर करने के लिए विस में उठाया प्रश्न

कमलेश कुमार सिंह ने भूमि से संबंधित त्रुटियों को दूर करने के लिए विस में उठाया प्रश्न 

भूमि दस्तावेजों की त्रुटी दूर करने की प्रक्रिया हुई प्रारम्भ


हुसैनाबाद,पलामूः

विधानसभा के प्रथम बजट सत्र में हुसैनाबाद- हरिहरगंज के विधायक कमलेश कुमार सिंह ने हुसैनाबाद, हरिहरगंज, पिपरा, हैदरनगर व मोहम्मदगंज अंचलों मे भूमि से संबंधित त्रुटियों को दूर करने के लिए तारांकित प्रश्न के तहत सरकार से जवाब माँगा है। उन्होंने जानना चाहा है कि क्या यह सही है कि पलामू जिला के हुसैनाबाद, हरिहरगंज, पिपरा, हैदरनगर व मोहम्मदगंज अंचल के खतियान को आॅनलाइन किया गया है। श्री सिंह के उक्त प्रश्न का विभागीय मंत्री ने जवाब देते हुए कहा कि हाल सर्वे के अंतिम प्रकाशन के पश्चात संबंधित अंचल के खतियान को आॅनलाइन किया गया है। इसके बाद कमलेश कुमार सिंह ने पूछा कि क्या यह बात सही है कि आॅनलाइन खतियान में भारी गड़बड़ी होने के कारण जहां म्युटेशन में समस्या हो रही है, वहीं स्थानीय लोगों में भूमि विवाद गहराता जा रहा है। जिस कारण किसी भी समय कानून व्यवस्था बिगड़ने की समस्या उत्पन्न हो सकती है। विभागीय मंत्री ने जवाब में कहा कि अंतिम प्रकाशन के पश्चात आॅनलाइन किये गये खतियान में त्रुटियों के निराकरण के लिए रैयतों से सीएनटी एक्ट की घारा 87 के अंतर्गत हुसैनाबाद, हरिहरगंज, पिपरा, हैदरनगर व मोहम्मदगंज अंचल में कुल 17705 वाद प्राप्त हुए हैं, जिसकी सुनवाई की जा रही है। पुनः विधायक ने पूछा कि क्या यह बात सही है कि सुधारात्मक सर्विस सेटलमेंट धारा 87 के तहत हुसैनाबाद, हरिहरगंज, पिपरा, हैदरनगर व मोहम्मदगंज के लगभग 11000 भूस्वामी आपत्ति दर्ज कराये थे। परन्तु आपत्ति पर बिना विचार किये सर्वे का कार्य संपन्न कर दिया गया। विभागीय मंत्री ने उपर वाले जवाब को ही दुहराया। विधायक कमलेश कुमार सिंह ने पूछा कि यदि उपर्युक्त खंडों के उत्तर स्वीकारात्मक हैं, तो क्या सरकार पलामू जिला के हुसैनाबाद, हरिहरगंज, पिपरा, हैदरनगर व मोहम्मदगंज अंचल का पुनः सर्वे कराकर खतियान आॅनलाइन कराने का विचार रखती है। हो तो कब तक, नही तो क्यों। विभागीय मंत्री ने जवाब में कहा कि अंतिम रुप से प्रकाशित एवं आॅनलाइन किये गये खतियान में त्रुटियों के निराकरण के लिए रैयतों द्वारा सीएनटी एक्ट की धारा 87 के तहत दायर वादों में पारित आदेश के अनुसार आॅनलाइन खतियान में सुधार कर दिया जायेगा।