महाधरना तो एक ट्रेलर है, पूरी फिल्म 5 जुलाई को आहत झारखंड बन्द के दौरान दिखेगी:विपक्ष

भूमि अधिग्रहण संशोधन बिल के विरोध में आहूत राज्य-व्यापी जिला मुख्यालयों पर गठबंधन  का महाधरना


जमशेदपुर :- भूमि अधिग्रहण संशोधन बिल के विरोध में सम्पूर्ण विपक्ष द्वारा आहूत राज्य-व्यापी जिला मुख्यालयों पर महाधरना के आलोक में पूर्वी सिंहभूम जिला मुख्यालय के समक्ष भी विपक्षी दलों की एकता देखने को मिली। बिल के विरोध में विपक्षी गठबंधन द्वारा चलाये जा रहे विरोध प्रदर्शन को देखते हुए प्रशासन ने यहां विधि-व्यवस्था को लेकर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए थे। विपक्षी दलों के नेताओं धरना के माध्यम से एक स्वर से राज्य सरकार से बिल को अविलंब निरस्त करने की मांग की है।

भूमि अधिग्रहण संशोधन बिल को लेकर पूरे सूबे की गरमाई सियासत के बीच विपक्षी दलों का आंदोलन अब तीखा हो चला है। आंदोलन के क्रम में विपक्षी दलों ने पूर्वी सिंहभूम जिला मुख्यालय पर महा धरना देकर राज्य सरकार तक संदेश दिया कि बिल के मौजूदा स्वरूप को किसी भी सूरत में स्वीकार नही किया जाएगा। विपक्षी दल जेएमएम, कांग्रेस, जेवीएम, आरजेडी और वाम दलों और संगठनों के लोगों ने बिल के विरोध में एकजुटता दिखाते हुए राज्य सरकार को कठघरे में खड़ा किया और कहा कि झारखंडी आवाम के हितों के विपरीत लाये गए भूमि अधिग्रहण बिल पूंजीपतियों के फायदे के लिए है न कि यहां के निवासियों के लिए। महाधरना के माध्यम से सरकार को चेतावनी दी गई कि यदि तमाम विरोध के बावजूद बिल को लागू किया जाता है तो आने वाले चुनावों में भाजपा को मुँह की खानी पड़ेगी। विपक्षी नेताओं ने राष्ट्रपति द्वारा बिल को मंजूरी दिए जाने पर कहा कि दरअसल इस मुद्दे पर राष्ट्रपति को भी अंधेरे में रख कर बाइक डोर से बिल पास कराया गया है, जो किसी भी सूरत में स्वीकार नही किया जाएगा। बिल के विरोध में महाधरना तो एक फ़िल्म का ट्रेलर है, बाकी पूरी फिल्म 5 जुलाई को आहत झारखंड बन्द के दौरान दिखेगी।