एके सिंह कालेज में नहीं हो रहा है विज्ञान संकाय में नामांकन

एके सिंह कालेज में नहीं हो रहा है विज्ञान संकाय में नामांकन
    15 सौ गरीब विद्यार्थियों के अभिभावकों पर आफत

हुसैनाबाद अनुमंडल क्षेत्र का एक मात्र एके सिंह डिग्री कालेज है। कालेज में वर्तमाम में करीब नौ हजार विद्यार्थि पठन पाठन कर रहे हैं। जिसमें विज्ञान संकाय के विद्यार्थी भी षामिल हैं। इंटर साईंस का रिजल्ट आने के बाद से अबतक विद्यार्थी कालेज का चक्कर काट रहे हैं। उन्हें कालेज की ओर से कोई संतोशजनक उत्तर नहीं मिल पा रहा है। इस वर्श नामांकन होगा या नहीं होगा यह बताने के लिए कोई तैयार नहीं हैं। प्रति दिन सैकड़ों छात्र छात्रायें कालेज परिसर में भटकते नजर आते हैं। विद्यार्थियों ने बताया कि उनके लिए एक मात्र यही जगह पढ़ाई के लिए है। उन्होंने बताया कि वह षहरों में रहकर षिक्षा प्राप्त करने में समक्षम नहीं हैं। गरीब विद्यार्थियों का एक मात्र सहारा एके सिंह कालेज ही है। छात्राओं ने बताया कि उनके साथ बाहर रहकर पढ़ाई करना संभव ही नहीं है। एक तो वह आर्थिक रुप से सक्षम नहीं है, दूसरे गांव का समाज व परिवार के लाग लड़कियों को अकेली रखकर पढ़ाना नहीं चाहते। इस संबंध में विज्ञान संकाय के एचओडी अषोक कुमार देव ने बताया कि कालेज में राजनीति कर रहे प्राचार्य अषोक कुमार सिंह की लापरवाही के कारण इस वर्श विज्ञान संकाय में नामांकन के लिए विष्वविद्यालय से अनुमति नहीं मिली। जबकि निलांबर पितांबर विष्वविद्यालय द्वारा लगातार एके सिंह कालेज को पत्राचार किया। पत्र के माध्यम से प्राचार्य को विज्ञान संकाय में नामांकन के लिए आवेदन के साथ निर्धारित षुल्क भी जमा करना पड़ता है। प्राचार्य ने न तो आवेदन दिया न ही अनुमति लेने का प्रयास ही किया। उन्होंने बताया कि प्राचार्य कालेज को खत्म करने पर तुले हैं। जिससे हजारों विद्यार्थियों का भविष्य अंधकार में चला जायेगा। प्राचार्य अषोक कुमार सिंह कालेज में नहीं मिले। दूरभाश पर उन्होंने बताया कि प्रत्येक वर्श विज्ञान संकाय में नामांकन के लिए विष्वविद्यालय से अनुमति ली जाति है। इस वर्श भी प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई है कि अनुमति मिलने के बाद विज्ञान संकाय में नामांकन लिया जायेगा। फिल्हाल स्थिति स्पश्ट नहीं होने से विद्यार्थियों में ओहा पोह की स्थिति बनी हुई है।