भूमि डिजिटिलाईजेशन में भारी गड़बडी की शिकायत , गड़बड़ी को जल्द ठीक नहीं किया गया तो आंदोलनःकमलेश

              भूमि डिजिटिलाईजेशन में भारी गड़बडी की शिकायत

           गड़बड़ी को जल्द ठीक नहीं किया गया तो आंदोलनःकमलेश

पलामूः

 जिले के सभी अंचलों के भूमि का डिजिटिलाइजेषन कर दिया गया है। भूमि संबंधित सभी कार्य ऑन लाइन किये जा रहे हैं। मगर डिजिटिलाइजेशन में हुसैनाबाद विधानसभा क्षेत्र के पांच अंचलों की इंट्री में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की गई है। उक्त बातें अपने हुसैनाबाद स्थित आवास पर पूर्व मंत्री कमलेश कुमार सिंह ने कही। उन्होंने कहा कि डिजिटिलाईजेशन में नाम किसी का जमीन किसी और की, रक्बा है कुछ इंट्री है कुछ समेत भारी गड़बड़ी की गई है। जनता ने उन्हें बताया कि जिले के अन्य अंचलों के भूमि की इंट्री रजिस्टर 2 से की गई है। जबकि हुसैनाबाद विस के हरिहरगंज, पिपरा, हैदरनगर, हुसैनाबाद मोहम्मदगंज अंचल की भूमि का डिजिटिलाजेशन पुराने रजिस्टर टू से किया गया है।नया सर्वे के खतिहान बनने के बाद से भूमि का स्वामित्व बलता गया।मगर ऑनलाईन इंट्री में पूर्व के व्यक्ति का ही नाम दिख रहा है। इस वजह से भूमालिकों का राजस्व रसीद नहीं काटा रहा है। उन्होंने बताया कि इससे सरकार को करोड़ों रुपये राजस्व की प्राप्ति भी नहीं हो पा रही है। भूस्वामी को जमीन बिक्री करने के लिए एलपीसी के लिए अंचल कार्यालय का चक्कर लगाना पड़ता है। इंट्री में गड़बड़ी की वजह से आय दिन गांव में विवाद होता है। उन्होंने कहा कि इस समस्या का समाधान उपायुक्त पलामू को कराना चाहिए। उन्हें इस संबंध में कर्मचारियों अधिकारियों से विस्तृत जानकारी लेनी चाहिए। इसे ठीक नहीं किया गया तो ,भूमि विवाद के मामले लगातार बढ़ेगें। उन्होंने बताया कि इंट्री में सरकारी भूमि को भी विभिन्न लोगों के नाम कर दिया गया है। जिससे गांव या प्रखंड मुख्यालय में सरकारी भवन आदि के निर्माण में भी लोग अडंगा लगाते है। भूमि उपलब्ध नहीं होने की वजह से हैदरनगर का कस्तुरबा विद्यालय, सीएचसी भवन, डाकबंगला आदि का निर्माण नहीं हो पाया है। उन्होंने कहा कि वह जिस गांव में जाते हैं लोग यह समस्या उठा रहे हैं। पंद्रह दिन के अंदर इस समस्या का समाधान नहीं कराया गया तो एनसीपी जिला अनुमंडल मुख्यालय पर जोरदार आंदोलन चलाने को बाध्य होगी।उन्होंने कहा कि इस समस्या को लेकर एक सप्ताह के अंदर पार्टी की बैठक कर ठोस निर्णय लिया जायेगा।